संचार माध्यम (Communication Media) के द्वारा संप्रेषक (स्रोत) तथा संग्राहक (श्रोता) के बीच सूचनाओं का परस्पर आदान-प्रदान होता है। संदेश या सूचना को प्रभावशाली ढंग से संग्राहक तक पहुंचाने के लिए जिस संवाहक/स्रोत/ माध्यम की मदद लिया जाता है, वह संचार माध्यम कहलाता है। संचार माध्यम वह साधन है जिनका उपयोग संदेशों, सूचनाओं और विचारों को साझा करने के लिए किया जाता है।
संचार प्रक्रिया निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है, जिसके अंतर्गत अनुभावों, विचारों और संवेदनाओं, सूचनाओं का आदान-प्रदान (संप्रेषण) करते हैं। यह संप्रेषण की प्रक्रिया प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से निरंतर संपन्न होती है। जब संचार बहुआयामी होता है तो वह संचार जनसंचार कहलाता है। जनसंचार वह प्रक्रिया है जिसमें वक्ता अपने विचारों को एक ही समय में, एक ही स्थान से, अनेक स्थानों पर और अनेक व्यक्तियों और व्यक्ति समूह में संप्रेषित करता है। जनसंचार माध्यमों में प्रिंट माध्यम और इलेक्ट्रॉनिक माध्यम आदि प्रमुख हैं।
संदेश या सूचना को प्रभावशाली ढंग से संग्राहक तक पहुंचाने के लिए जिस संवाहक/स्रोत/ माध्यम की मदद लिया जाता है, वह संचार माध्यम कहलाता है।
संचार माध्यम मुख्यतः दो वर्गों में वर्गीकृत किया जा सकता है।
- परंपरागत संचार माध्यम (Conventional Communication Media)
- आधुनिक संचार माध्यम (Modern Communication Media)
परंपरागत संचार माध्यम
परंपरागत संचार माध्यम से तात्पर्य है जो आराम से पीढ़ी दर पीढ़ी विकसित होते आए हैं, जिसकी प्रासंगिकता आज भी है। वैदिक युग में लोगों के बीच संपन्न होने वाले वाद विवाद संचार का प्रमुख साधन था। मौखिक संचार प्रक्रिया प्रमुख तथा प्रभावी होता था।कालांतर में तीर्थ स्थल, मंदिर, मठ आदि संचार के प्रमुख केंद्र बने गए, धार्मिक उत्सव, मेले, त्यौहार, पर्व, कथा वाचन आदि संचार के प्रमुख साधन के रूप में उपयोग होता रहा है। इस प्रकार सामाजिक दायित्व और एकता की स्थापना में परंपरागत संचार माध्यमों जैसे वार्तालाप, कथा वाचन, लोक नाटक, वस्तु कला, मूर्तिकला, लोक गीत, लोक नृत्य, रासलीला आदि की प्रमुख भूमिका रही है।परंपरागत संचार माध्यम हमारे ऐतिहासिक और सांस्कृतिक परंपराओं के अनुसार होते हैं, जिनका उपयोग संचार और संवाद के लिए किया जाता है।
परंपरागत संचार माध्यमों की अपेक्षा आधुनिक संचार तकनीकों का आज तेजी से विकास हुआ है और आधुनिक संचार माध्यमों का प्रयोग अधिकारिक और गैर-अधिकारिक स्तर पर बढ़ा है।
आधुनिक संचार माध्यम
आधुनिक संचार माध्यम में तकनीकी और डिजिटल उपकरणों का उपयोग करके संदेशों और जानकारी को प्रसारित या साझा किया जाता है। ये माध्यम विश्वव्यापी और त्वरित पहुंच प्रदान करते हैं और लोगों को दुनिया भर में संचार करने की सुविधा देते हैं। आधुनिक संचार माध्यमों में प्रिंट मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया शामिल हैं।
प्रिंट मीडिया वह माध्यम है जिसके माध्यम से संदेशों, जानकारी और सामग्री को पेपर, मैगजीन, पत्रिका, पुस्तक, बुकलेट और अन्य मुद्रित साधनों के रूप में प्रकाशित किया जाता है। प्रिंट मीडिया विशेष रूप से विचार, भावना, समाचार, रिपोर्ट, विज्ञापन और विभिन्न शैलियों के लेखों के लिए उपयोगी होता है।
इलेक्ट्रॉनिक मीडिया वह माध्यम है जिसमें संदेश, सूचना, पाठ्य सामग्री डिजिटल रूप में प्रकाशित की जाती है। यह डिजिटल उपकरणों, इंटरनेट, वेबसाइट्स, इमेल, सोशल मीडिया, वीडियो स्ट्रीमिंग, पॉडकास्ट, अन्य इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से उपयोगकर्ताओं तक पहुंच प्रदान करता है।
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